यह योग है या संयोग आज रावण का संहार व दहन दिवस
२ अक्टूबर में देश के टुकड़े करने वाले एक रावण का जन्म हुआ जो प्रतिदिन १२ फ़रवरी का नारी शोषण से गुलजार था जिसे “साबरमती के संत”
राजघाट पर देश के शीर्ष नेताओं की श्रद्धांजलि की होड़ से महोत्सव के रूप में प्रथम स्थान में आने की होड़ लग रही है
No comments:
Post a Comment