२६ जनवरी २०२२ की आज भी सार्थक पोस्ट
राज पथ से कर्म / कर्तव्य पथ के सफ़र से आज नेताजी
(भ्रष्टाचारी मुलायम सिंग़ यादव नही ) सुभाषचंद्र बोस की २८ फ़ुट ऊँची मूर्ति का
अनावरण समारोह …
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नरेन्द्र मोदी द्वारा आपकी मूर्ति के आवरण से
राष्ट्रवाद के अवतरण से मेरे देश के जय जवान - जय किसान व तुम्हारे जूनुनी नारों
से एक नये रक्त का तेज़ी से प्रवाह होकर राष्ट्र गर्वित है
दिल्ली ही देश में एकमात्र ऐसा राज्य है जहाँ देश के
परमशूर नेता सुभाष चन्द्र बोस के नाम से कोई सड़क व गलियारा तक नही है जबकि देश को
गुलामी से जकड़ने वाले शासकों को प्रशंसा का पात्र से उनकी मूर्तिया व सड़कों से
छद्म रूप से अभिभूत कर नई पीढ़ी को झूठा इतिहास पढ़ाकर देश को गुमराह किया जा रहा
था...!!!!
जो अब इस नेता सुभाष चन्द्र बोस की प्रतिमा को
स्थापित से देश में एक नई ऊर्जा का निर्माण हो कर राष्ट्रवाद का दौर शुरू हो रहा
है व जय जवान – जय किसान
की लाल बहादुर शास्त्री के नारों की गूंज से देश दिव्यमान बनाने की राह बन रही है
Thursday, 8 September 2022
राज पथ से कर्म / कर्तव्य पथ के सफ़र से आज नेताजी (भ्रष्टाचारी मुलायम सिंग़ यादव नही ) सुभाषचंद्र बोस की २८ फ़ुट ऊँची मूर्ति का मोदी द्वरा अनावरण समारोह …
Monday, 5 September 2022
शिक्षक दिवस…, शिक्षा के मंत्र से शराब दिवस का महोत्सव दिवस.. मुफ़्त में, एक बोतल दारू से दूसरी बोतल मुफ़्त में देकर वोट बैंक के खेल का चातुर्थय से ग़रीबों के घर उजाड़ने का दारू से दारूण दृश्य
शिक्षक दिवस…, शिक्षा के मंत्र से शराब
दिवस का महोत्सव दिवस.. मुफ़्त में, एक बोतल दारू से
दूसरी बोतल मुफ़्त में देकर वोट बैंक के खेल का चातुर्थय से ग़रीबों के घर उजाड़ने
का दारू से दारूण दृश्य से युवा बच्चों को पाठशाला के बग़ल में मधुशाला खोलकर..
दिल्ली के बजरबट्टू.., मुख्यमंत्री बहुरूपिया गिरगिटवाल …
अपने को हवा हवाई पंख वाला टट्टू कह कर देश की
हरियाली उजाड़ कर मनीष सिसोदिया के गंजे सर की तरह ख़ुराफ़ाती दिमाग़ से देश को
बंजर कर देश के टुकड़े कर अपने ख़ाली दिमाग़ के स्थान से ख़ालिस्थान से स्वतंत्र
देश का प्रधानमंत्री बनने का नशा अभी भी उतरा नही है …
Monday, 29 August 2022
२९ जनवरी.. देश का सबसे बड़ा शराब के घर में संचय से राजस्व दिवस का उत्सव से देश मालामाल … क्यों कि 30 जनवरी है गांधी की हत्या से शराब बंदी का सूखा दिवस
२९ जनवरी.. देश का सबसे बड़ा शराब के घर में संचय से राजस्व दिवस का उत्सव से
देश मालामाल … क्यों कि 30 जनवरी है गांधी की हत्या से शराब बंदी का सूखा दिवस
व ३० जनवरी को तुष्टिकरण व छद्म अहिंसा का ढकोसला करनेवाले गाँधी की गंदी
राजनीति पर पर प्रहार से
देश का नया जन्म हुआ
इस दिन नाथूराम GOD-se (गोड से - देव तुल्य ) के साहसिक करम से बापू को अमर कर ..
फेल / असफल होती कांग्रेस को ग्रेस मार्क्स से धर्मनिपेक्षता का बिगुल बजाकर
जवाहर देश का ज़हर से “आराम हराम है” के नारे से अपने अय्याशी कुकर्मों पर बापू ब्राण्ड का
कुर्सी में लेप लगाकर स्वंय भारत रत्न का तमग़ा लेकर मरणोपर्यन्त देश को खंडित कर चिपके रहे
“आप” के केजरीवाल ने भी गाँधीवादी शक्तिशाली अन्ना हज़ारे के सिद्धांतों का गन्ना
चूसकर उन्हें इतना श्रीण कर अब सभी दलों
की नज़र में अपाहिज की श्रेणी से उनका क़द समाप्त कर दिया है
अब दारू को बारूद व अलगाववाद को देश का बदलाववाद से रोहिंग्या शरणार्थीयों को
विशेष वोट बैंक मानकर केजरीवाल दिल्ली से
शेष भारत में मुफ़्त बिजली से देश में विष घोलने का कार्य कर अपने को विश्व विजेता
का तमग़ा दे रहें हैं
अब गाँधी को भी लग रहा हैं की अमृत वर्ष में इस राहु को शराब को अमृत कहकर
नवजवानों को गले के नीचे उतारने के पहिले
अब अहिंसा नहीं कटार के धार से शराब की धार को काटने से ही इस देश के नवजवानों में
ही राष्ट्रवाद की लहर से नशे के भँवर से
मुक्त हो कर देश को दिव्यमान बनाकर .. विश्व को मार्गदर्शन कर देश विश्व गुरु बन
सकता है …
Saturday, 13 August 2022
विन्सटन चर्चिल, इंग्लँड के दूरदर्शी प्रधानमंत्री जिनकी भारत को सत्ता सौंपने की भविष्यवाणी ७५ सालों बाद और भी जीवंत हो रही हैं “अब ये सत्ता दुष्टों, बदमाशो और लुटेरो के हाथों में चली जाएगी. भारत के सभी नेता ओछी क्षमता वाले और भूसा किस्म के व्यक्ति होंगे. उनकी ज़बान मीठी होगी लेकिन दिल निकम्मे होंगे. वे सत्ता के लिए एक दुसरे से लड़ेंगे और इन राजनितिक झड़पों में भारत का खातमा हो जाएगा. एक दिन आएगा जब भारत में हवा और पानी पर भी टैक्स लगा दिया जाएगा.”
विन्सटन चर्चिल, इंग्लँड के दूरदर्शी प्रधानमंत्री जिनकी भारत को सत्ता
सौंपने की भविष्यवाणी ७५ सालों बाद और भी जीवंत हो रही हैं
“अब ये सत्ता दुष्टों, बदमाशो और लुटेरो के हाथों में चली जाएगी. भारत के सभी नेता
ओछी क्षमता वाले और भूसा किस्म के व्यक्ति होंगे. उनकी ज़बान मीठी होगी लेकिन दिल
निकम्मे होंगे. वे सत्ता के लिए एक दुसरे से लड़ेंगे और इन राजनितिक झड़पों में
भारत का खातमा हो जाएगा. एक दिन आएगा जब भारत में हवा और पानी पर भी टैक्स लगा
दिया जाएगा.”
“Now this power will go into the hands of
rascals, miscreants and robbers. All the leaders of India will be people of low
caliber and straw type. His tongue will be sweet but his heart will be useless.
They will fight each other for power and India will end in these political
clashes. A day will come when air and water will also be taxed in India."
मेरे वेबस्थल का स्लोगन इस युक्ति से गहन रूप से जुड़ा है जो निम्न है
“मेरा संविधान महान.., यंहा हर माफिया पहलवान..”
और इस चीज़ की सजीवता को देखकर मेरे वेबस्थल का नाम रखा है।
www.meradeshdoooba.com
Deshdrohi
Urf pagal (@DeshdrohiGhulam) / Twitter
इसकी हर पोस्ट PMO office व प्रधानमंत्री को भेजी जाती है ,,
देश के सभी नारे अफ़ीमों की थैली है और इसे बांटने वाले राजनैतिक देशप्रेमिओं की भरमार से अकूत धन कमाकर देश को बांटने की साजिस
से माचिस ( देश
जलाने वाले ) जेब मैं लेकर घूम रहें हैं
देश का ७५वी सत्ता परिवर्तन के बाद
देश को डूबाने से बचाने के लिए निम्न है
“जो करे देश से प्यार…, वह कभी नही करे भ्रष्टाचार…,
मैं देश के लिए बना हूँ ….
मैं देश को कितना और अधिक , अतिरिक्त श्रम व बुद्धि बल से योगदान {
योग-दान ) निस्वार्थ
रूप से दूं तो …,
जैसे बरसात के पूरे में बादल एक छोटे गड्डे से तालाब नदी व समुंदर से उसके क्षमता
के अनुसार पानी खिचता है लेकिन जब व पानी बरसाता है तो सभी को समान रूप से पानी बरसाता
है उसी तरह से देश के मेहनत से सभी संसाधन
छलक के हर देशवासी धन - धान्य से सुख शांति से प्रकृति के यापन से प्रतिभूत व
आनंदित रहेगा
यदि देश की नौकरशाही, जजशाही व वर्तमान देश की आदमखोर राजनीति..., अब भी, व जनता के दर्द को अपना दर्द समझ कर सकारात्मक/
ईमानदारी से जी जान से इसका निवारण करें तो हम एक साल के भीतर सफलता से देश में सुजलाम
सुफ़लाम से विश्व गुरू से राम महावीर व बुद्ध से शुद्ध रूप से शांति दूत का पैग़ाम
“जीयो
और जीने दो..” को चरितार्थ कर मानव जीवन को एहसास करा देंगे की इस धरा पर जीवन
स्वर्णिम व स्वर्ग से भी सुंदर है
साभार www.meradeshdoooba.com (स्थापना 26 दिसम्बर 2011)
Friday, 12 August 2022
पटेलजी आप देश की ५०० से अधिक रियासतों को जोड़ने की पहेली सुलझाते रहों .., मेरा खंडित भारत का प्रधानमंत्री पद पर कब्जा प्रमुख मुद्धहा है
पटेलजी आप देश की ५०० से अधिक रियासतों को जोड़ने की पहेली सुलझाते रहों ..,
मेरा खंडित भारत का प्रधानमंत्री पद पर कब्जा प्रमुख
मुद्धहा है
Patelji, you keep
solving the puzzle of connecting more than 500 princely states of the
country.., the capture of the Prime Minister's post of my fragmented India is
the main issue.
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सरदार पटेल ग़ुलाम हिंदुस्तान में भी कोंग्रेस प्रदेश अध्यक्षों के चहेते थे व
सत्ता परिवर्तन के साथ हिंदुस्तान में प्रधानमंत्री पद के लिए चुन लिए गए थे
लेकिन…!!!
गांधी की गंदी राजनीति व जवाहर के प्रधानमंत्री पद पर गांधी के कहने पर नियुक्ति
से जवाहर के ज़हर का क़हर से आधा कश्मीर
हिंदुस्तान के हाथों से छीन लिया गया…
इतिहास का अवलोकन किया जाय तो सरदार पटेल का 1947 से बचा सम्पूर्ण जीवन देश की
५६० रियासतों को मिलाने व युद्धस्तर से हैदराबादव जूनागढ़ व अन्य रियासतों व मुख्य
रूप से कश्मीर को पूर्णरूपेण देश में मिलाने का सपना जवाहर के ज़हर ने क़हर फैला
कर सरदार पटेल के मंसूबोंमें पानी फेर ददिया
दोस्तों बड़े दुःख के साथ लिखना पड़ रहा है की आज भी ९५ प्रतिशत संस्थानों के
नाम इन देश के लुटेरों व ५० लाख सनातनी के खून की नदी बहानेवालों के जवाहर की चौथी
पीढ़ी व गांधी नाम पर है
पटेल व अन्य क्रांतिकारियों का नाम नेपथ्य में गुमसूदा कर ७५ सालों से हमें झूठा इतिहास पढ़ा कर
देशवासियों / हमें बूज़दिल कौंम दर्शा कर
देश के प्रति लड़ने का जोश ख़त्म करने का एक सुनियोजित षड्यंत्र से देश में
अलगाववाद व घुसपैठियों को वोट बैंक बनाकर आज ७५ सालों बाद भी देश को तोड़ने का यह खेल बदस्तूर
जारी है ….
सोचो .. सोचो.. सोचो…
यह समस्या देश को निगल जाएगी
यदि प्रधानमंत्री मोदी के लिए एक छोटे
समय में इस समस्या का निदान का कदम ना उठाया
गया तो देश में छुपे टुकड़े गैग हावी
होकर देश की बरबादी का खेल बदस्तूर जारी रहेगा
Thursday, 11 August 2022
सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के एक सच्चे उपासक के रूप में उन्होंने जीवनभर देश व जनता की सेवा की.'' · कल्याण सिंह: वो दिग्गज जो आज बुलंदी पर पहुंच चुकी बीजेपी की बुनियाद था
·
UP: राममंदिर
आंदोलन के नायक कल्याण सिंह ही है भले कोई इसका झूठा श्रेय लेकर अपनी सत्ता चमकाने
का स्वांग करे
·
राम सीता को 14 साल का वनवास मिला लेकिन उनके जन्म के
अवशेष को 1527 - 1992 के लगभग 400 सालों से
कब्र में अवशेष बनाकर रखा व टेंट में मर्यादा पुरुषोत्तम को एक चुसपैठीया के समान व्यवहार
कर एक उपहास कर वर्षों तक टेंट में रखकर देश की अस्मिता से खिलवाड़ किया
·
कल्याण सिंह उतरप्रदेश के
राजनीति में हिन्दुत्व के एक ऐसे चेहरे थे
·
इनके मुख्यमंत्री रहते 6 दिसंबर 1992 को बाबरी
मस्जिद विध्वस की घटना हुयी थी. घटना के बाद कल्याण सिंह को इस्तीफा देना पड़ा था. और इसमें कोई संकोच नही किया
उत्तरप्रदेश के राजनीति में हिन्दुत्व की चमक पूरे
देश मैं फैली व ध्वस्त बाबरी मंदिर की 25 वर्षों से अधिक की अदालत में लड़ाई लड़कर मंदिर
की खुदाई से स्पष्ट हो गया की इसकी नीव को
तोड़कर राम व उनकी परिवार की मूर्तिया डालकर उसके ऊपर बाबर ने मस्जिद का रूप देकर निर्माण
किया फलवरूप मुस्लिम पक्ष ही नही विश्व को भी अचंभित होकर मानना पड़ा की इस देश में
धर्मवाद की आड़ मे इस्लाम की क्रूरता का संदेश
विश्व ने समझा
·
गत
वर्ष 2021 में कल्याण सिंह की 89 वर्षो में मृत्यु हुयी व रक्षा
बंधन के दिन वे पंचत्व में विलीन हुये थे ..., माँ सीता को भी मानना पड़ा की उनकी
रक्षा की सूत्रधार व राम मंदिर की नींव का कर्ण धार केवल व केवल कल्याण सिंह ही थे
इस उपलक्ष्य में उन्हे रक्षा बंधन का धागा बांधकर स्वर्ग के द्वार की सुगम सीढ़ी प्रदान की है...
·
कल्याण सिंह का जन्म 5 जनवरी 1932 को हुआ था.
·
1991 में पहली बार उतरप्रदेश के
मुख्यमंत्री बने.
·
कल्याण सिंह दूसरी बार 1997-99
दूसरी बार मुख्यमंत्री बने.
उतरप्रदेश के राजनीति में हिन्दुत्व के चेहरे थे कल्याण सिंह.
·
इनके मुख्यमंत्री रहते 6 दिसंबर 1992 को बाबरी मस्जिद विध्वस की घटना हुयी
थी. घटना के बाद इस्तीफा देना पड़ा था.
·
कल्याण सिंह जी एक स्टेट्समैन, वरिष्ठ प्रशासक, ज़मीनी नेता और एक महान इंसान थे. उत्तर प्रदेश के विकास में उनका अमिट
योगदान है.
·
वे दो बार यूपी के सीएम रहे और राजस्थान के राज्यपाल भी रहे. वे ऐसे नेता
थे जिन्होंने बीजेपी को हाशिए से फलक तक पहुंचाने का काम किया
·
सांस्कृतिक
राष्ट्रवाद के एक सच्चे उपासक के रूप में उन्होंने जीवनभर देश व जनता की सेवा की.''
·
कल्याण
सिंह: वो दिग्गज जो आज बुलंदी पर पहुंच चुकी बीजेपी की बुनियाद था ,
Sunday, 31 July 2022
सब कुछ लुटा के होश में आये तो क्या किया… दिन में अगर भ्रष्टाचार व तुष्टिकरण का चराग़ जलाये तो क्या किया,,,!!!!!!
तीन अनाथ vs एक (चालीस) नाथ
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( सब कुछ लुटा के होश
में आये तो क्या
किया…
दिन में अगर
भ्रष्टाचार व तुष्टिकरण का चराग़
जलाये तो क्या किया
)
पिताजी..,
संजय राऊत द्वारा
हमारी राजनैतिक जीवन को तहस नहस करवाने के
पहिले इस मर्सेडीज़ कार से कूद पड़ें
(Dad.., jump out of this Mercedes Car before Sanjay Raut destroys our political career )









