Tuesday, 12 May 2015

अदालत – अदा नहीं किया तो लात ..., इसी लात से गरीबों की मौत.., देश के जजशाही, नौकरशाही सत्ताशाही को धन के नशे की लत...



 १. अदालत – अदा नहीं किया तो लात ..., इसी लात से गरीबों की मौत.., देश के जजशाही, नौकरशाही सत्ताशाही को धन के नशे की लत 
२. ....वाह रे सुपर कोर्ट का सुप्रीम आदेश यह दोगल्ला व्यवहार, एक के गले में हार , दूसरे से अत्याचार ..
३. आज जजशाही, नौकरशाही व सत्ताशाही के स्याही से ही देश लूट रहा है..., ऊपर से माफियावाद, आतंकवाद, भ्रष्टाचार के गढ़बंधन से पिछली सरकार ६९ साल का अटूट बंधन से लूट का आबंटन का खेल चल रहा था..., इसमें विपक्षी पार्टीयाँ भी इस बंदरबांट का लाभ ले रही थी ...
४. देश के एक सप्ताह में क़ानून के ३ काले चेहरे का आयना..., सलमान खान को सही सलामत ...,जय ललिता की जय कहकर क़ानून का पलीता व रामलिंगम राजू को राम के लिंग से सत्कार कर.., जमानत को इनकी कानूनी अमानत से नवाजा गया है
५. वही पाकिस्तान के आतंकवादी अजमल कसाब को “अतिथी वोट भव “ से नेताओं ने अपने देशी-विदेशी छवि निखारने के लिए.., उसे हमारे देश में जन्नत का सम्मान देकर.. देश के मच्छर ने देश के अपमान का प्रतिशोध उसे डेंगू से ग्रस्त कर , उसके अधिकार छीन कर जन्नत का रास्ता दिखाकर.., राजनेताओं को भौचक्का कर...उनके राजनीती का चक्का जाम कर दिया था
६. वहीं अदालतों का दूसरी तरह का बैरीपना .., साध्वी प्रज्ञा सिंग को हिन्दू आतंकवाद से देश में भ्रष्टवाद की फसल को आबाद रखने के दोगुले खेल में , अपराध सिद्ध ने होने के बावजूद पिछले ८ सालों से जेल की सलाखों में कैद रखा है..
७. पिछले एक साल से ..,सुप्रीम कोर्ट का सहारा के संस्थापक को कड़ी सजा व २० हजार करोड़ का भुगतान करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के जज भी सीना तानकर सुब्रतो राय को कह रहें है..., पहले निवेशकों के पैसे लौटाओ फिर जमानत के बाद जेल के बह बाहर जमीन पर कदम रखने का बहार मिलेंगा ...
८. बेशक यह एक सुप्रीम कोर्ट का सराहनीय कदम है...लेकिन हमारे देश की राजनीति के महा-भ्रष्टाचारी जिन्होंने १०० लाख करोड़ रूपये का धन , विदेशी बैंकों ने रखा है..., वे बाहर से .., बहार मनाकर..., कानून की आजादी से .. घूम कर देश का पैसा अभी भी चूस रहें है...
९. वही कोयला, A जी से Z जी वालों से आज तक उनसे मुआवजे की कोइ रकम नहीं मांगी गई है....!!!!!!!!!!!, वही आतंकवाद के वोट बैंक की राजनीती में भी अदालतों की दोगल्ली नीती तो गली की तरह ,एक को कड़ी (विशेष भोजन) व दूसरे को कोड़े ....!!!!!
१०. याद रहे सुब्रतो राय जो देशभक्ती व राष्ट्रवाद से ओत-प्रोत हैं... ने देश के लिए कई सराहनीय कार्य किये हैं..., क्रिकेट की I.C.C. जो एक दिवालिया,मरणासन्न व काली सूची की संस्था थी, तब के के अध्यक्ष जगमोहन डालमिया ने I.C.C. में जान फूकने के लिए क्रिकेट की मार्केटिग का जिम्मा एक विदेशी कंपनी को देने का ऐलान किया तो सहारा के संस्थापक सुब्रतो राय ने १०% अधिक रकम देकर विज्ञापन व अधिकार खरीद कर देश की अरबों डॉलर की विदेशी मुद्रा की बचत की ..., आज भी अन्य राष्ट्रीय सेवा में सहारा समूह ने सराहनीय योगदान दिया है...,
११. कहते हैं “शराब से समुन्द्र से ज्यादा लोगों को डूबोया है..,और हमारा देश भी भ्रष्टाचार के शराब से कानूनी को डूबा कर ..., डूबते देश की यही कहानी है