Thursday, 31 October 2013

,“शोले फिल्म के सुपरहिट किरदार रहमान चाचा ....ए.के. हंगल....मृत्यू के बाद कहते है ..???”... अरे भाईयो...????? यह.., देश मे सन्नाटा क्यों है ....??? मेरी अर्थी मे तो कुल मिलाकर २० से भी कम लोग थे...???



,“शोले फिल्म के सुपरहिट किरदार रहमान चाचा ....ए.के. हंगल....मृत्यू के बाद कहते है ..???”... अरे भाईयो...????? यह.., देश मे सन्नाटा क्यों है ....??? मेरी अर्थी मे तो कुल मिलाकर २० से भी कम लोग थे...??? 

लेकिन बिहार मे, दिन के सत्ता के लुटेरो ने , जब सूरज अपनी भरपूर रौशनी देता है, इस मिड दे मिल के नाम से ७५ से ज्यादा देश की, गरीब, मासूम प्रतिभाए को निखरने से पहले ही राजनैतिक आतंकवादियों द्वारा जहरीला खाना खिला कर, उनकी हत्या को अपनी भ्रष्टाचार की चक्की में पीस कर , उनका हक़ छीन कर, अपनी तोंद बढा ली है ....देशवासियो मे... अब भी सन्नाटा क्यो छाया है...? क्या इन राजनैतिक आतंकवादियो के सन्नाटे से देशवासियो अब भी घबराए हुए है....?? , ऐसा खौफ क्यों है..????

मेरे मौत पर सन्नाटे का, मुझे गम नही है...??, मै तो, अपनी प्रतिभा दिखाकर... बूढा हो कर 97 साल की उम्र मे मरा...?? मुझे, मेरे सन्नाटे से अवसरवादी मित्रो व प्रशंसको का आभाष हुआ है....??? मुझे इसका गम नही है...


मेरे जिन्दगी के अनुभव से तो कुछ तो सिखों , आज हर गली मोहल्ले से नगर में तो ३०० से ज्यादा माफिया है, तुम तो अपने को तिनके की तरह बिखरे समझ रहें है , आप लाखों की संख्या में, एक होकर, एक रस्सी बल बन बनकर इनके गले में फंदा डालो,
क्या...?, आप ऐसे सन्नाटे से डर कर, डूबती प्रतिभाओ व देश को, नही बचाओगे, जागो... देशवासियो.. नारा दो.... सिहासन खाली करो ... जनता आती है....???? .