Monday, 2 September 2013



किसान आत्महत्या कर रहा है... सीमाओ पर जवानों को मोहरा बनाकर, उनकी हत्या की जा रही है....????, विदेशी लूटेरों का देश मे स्वागत है, विदेशीयो के धन से, अतिथी विकास भव: के नारो से, “हो रहा है... भारत निर्माण” के नारो मे परिवर्तित कर, सत्ताधारी मदमस्त हो कर , देशवासियों को भरमा रहे है... विदेशी पूँजी लेकर भाग रहे है... विदेशी मुद्रा का भंडार, इन नारो के खर्च से, देश कर्ज के गर्त मे जा रहा है... हम 1991 से भी बदहाल स्थिति मे आ रहे है...???? पेट्रोल के PETROL (PET + ROLE) भाव बढ़ाना, इनका प्रिय खेल .... व डीजल (DISEL- DIL + JAL) के भाव, जनता के, दिल जले से , महंगाई की आग भड़काई जा रही है, जागों देशवासीयो डूबते देश को बचाओ .